SpaceX का कमाल: NASA के 4 अंतरिक्ष यात्री रिकॉर्ड 8 घंटे में पहुंचे ISS, जेसिका के हाथों में थी दल की कमान
स्पेसएक्स ने नासा के इस दल को अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन के लिए रवाना किया था। मिशन के प्रक्षेपण में करीब तीन सप्ताह की देरी हुई थी, क्योंकि ड्रैगन कैप्सूल की ईंधन प्रणाली में रिसाव को ठीक किया जा रहा था। गुरुवार सुबह घने बादलों के कारण काउंटडाउन पर भी मौसम का असर पड़ने की आशंका थी, लेकिन बाद में आसमान साफ होने के बाद सुरक्षित प्रक्षेपण किया गया।
छह महीने ISS में रहेंगे अंतरिक्ष यात्री
चारों अंतरिक्ष यात्रियों का अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर प्रवास करीब छह महीने का होगा। हालांकि, पृथ्वी से ISS तक पहुंचने में उन्हें केवल आठ घंटे लगे, जो किसी अमेरिकी मिशन के लिए सबसे तेज यात्रा है।
यह स्पेसएक्स के साथ-साथ नासा समेत अमेरिकी अंतरिक्ष अभियानों के लिए भी उल्लेखनीय उपलब्धि है। अंतरिक्ष यात्रियों के प्रक्षेपण के समय अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन की कक्षीय स्थिति अनुकूल होने के कारण इतनी कम अवधि में वहां पहुंचना संभव हुआ।
जेसिका वॉटकिन्स ने रचा इतिहास
केप कैनावेरल स्पेस फोर्स स्टेशन से देर सुबह हुए प्रक्षेपण के साथ जेसिका वॉटकिन्स ने एक और उपलब्धि अपने नाम की। वह पृथ्वी की कक्षा में किसी अंतरिक्ष दल का नेतृत्व करने वाली पहली अश्वेत महिला बन गईं।
भूविज्ञानी जेसिका वॉटकिन्स करीब एक दशक पहले नासा के मंगल मिशन क्यूरियोसिटी रोवर के साथ भी काम कर चुकी हैं। वर्ष 2022 में लंबे अंतरिक्ष प्रवास के बाद वह दूसरी बार अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पहुंची हैं। प्रक्षेपण के बाद वॉटकिन्स ने रेडियो संदेश में कहा, “इस शानदार सफर के लिए धन्यवाद।”
तीन सदस्य पहली बार अंतरिक्ष में
मिशन के बाकी तीन सदस्य पहली बार अंतरिक्ष यात्रा कर रहे हैं। इनमें नासा के ल्यूक डेलानी शामिल हैं, जो पहले अमेरिकी मरीन में सेवा दे चुके हैं। कनाडा के जोशुआ कुट्रिक रॉयल कैनेडियन एयर फोर्स में कर्नल हैं, जबकि रूस के सर्गेई टेटेर्यातनिकोव पहले पनडुब्बी में सेवा दे चुके हैं।
यह दल उन चार अंतरिक्ष यात्रियों की जगह लेगा, जो फरवरी से अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर रहकर वैज्ञानिक और अन्य प्रयोग कर रहे हैं।
स्पेसएक्स का नासा के लिए 13वां क्रू मिशन
यह नासा के लिए स्पेसएक्स की ओर से भेजा गया 13वां चालक दल मिशन है। हालांकि, वर्ष 2020 की परीक्षण उड़ान को इस संख्या में शामिल नहीं किया गया है। चारों अंतरिक्ष यात्रियों के इस दल को ‘क्रू-13’ नाम दिया गया है।
स्पेसएक्स और नासा की साझेदारी के तहत नियमित रूप से अंतरिक्ष यात्रियों को ISS तक पहुंचाया जा रहा है। इस मिशन में कम समय में स्टेशन तक पहुंचना एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
अंतरिक्ष में रहते पिता बनने वाले चौथे कनाडाई पुरुष
कनाडाई अंतरिक्ष यात्री जोशुआ कुट्रिक के लिए यह मिशन व्यक्तिगत तौर पर भी खास है। वह पृथ्वी की कक्षा में रहते हुए पिता बनने वाले चौथे पुरुष अंतरिक्ष यात्री होंगे।
कुट्रिक की पत्नी हीदर नवंबर के अंत में अपने तीसरे बच्चे को जन्म देने वाली हैं। कनाडाई अंतरिक्ष एजेंसी ने कहा है कि बच्चे के जन्म के समय पूरे परिवार को हर संभव सहयोग उपलब्ध कराया जाएगा।
इस तरह ‘क्रू-13’ का मिशन वैज्ञानिक और तकनीकी उपलब्धियों के साथ एक खास व्यक्तिगत घटना का भी गवाह बनने जा रहा है। छह महीने के प्रवास के दौरान दल अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर विभिन्न प्रयोगों और गतिविधियों में हिस्सा लेगा।
