August 10, 2026

JPSC-JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के खिलाफ छात्रों का प्रदर्शन तेज, रांची में पुलिस ने कई बार बल प्रयोग किया

0
10-1786353569

नई दिल्ली । झारखंड में JPSC और JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं और पेपर लीक के आरोपों को लेकर छात्रों का आंदोलन सोमवार को विधानसभा मार्च तक पहुंच गया। राज्य के अलग अलग हिस्सों से बड़ी संख्या में छात्र रांची पहुंचे और विधानसभा घेराव के लिए मार्च निकाला। प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने बैरिकेडिंग के साथ वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया, लेकिन स्थिति पूरी तरह नियंत्रित नहीं हो सकी।

सुबह से ही विधानसभा की ओर जाने वाले मार्गों पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखी गई थी। पुलिस की ओर से छात्रों को आगे बढ़ने से रोकने के लिए कई स्तरों पर बैरिकेड लगाए गए थे। प्रदर्शनकारी लगातार अपनी मांगों को लेकर नारे लगाते हुए आगे बढ़ रहे थे। छात्रों का कहना था कि उनका प्रदर्शन शांतिपूर्ण है और वे सरकार पर अपनी मांगों को लेकर दबाव बनाना चाहते हैं।

प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने पुलिस की बैरिकेडिंग को पार करने की कोशिश की। कुछ स्थानों पर बैरिकेड टूटने की स्थिति भी सामने आई। बताया गया कि प्रदर्शनकारियों ने कई बैरिकेड पार कर लिए और नई विधानसभा की दिशा में बढ़ने लगे। इसके बाद पुलिस ने उन्हें रोकने के लिए वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया।

वॉटर कैनन के इस्तेमाल के दौरान भी कुछ छात्रों ने विरोध जारी रखा। मौके पर मौजूद प्रदर्शनकारियों ने नाचते और गाते हुए पुलिस कार्रवाई का विरोध किया। कुछ समय बाद पुलिस और छात्रों के बीच तनाव बढ़ गया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकने के लिए लाठीचार्ज किया।

लाठीचार्ज के बाद छात्रों में नाराजगी दिखाई दी। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि वे शांतिपूर्वक आगे बढ़ रहे थे और इसके बावजूद उन पर लाठियां बरसाई गईं। कुछ छात्रों ने दावा किया कि चोटें हाथ, सिर और चेहरे पर भी लगी हैं। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए सरकार से मामले को गंभीरता से लेने की मांग की।

पुलिस कार्रवाई को लेकर राजनीतिक प्रतिक्रिया भी सामने आई। भारतीय जनता पार्टी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए राज्य सरकार पर निशाना साधा और छात्रों के प्रदर्शन को लेकर सरकार की भूमिका पर सवाल उठाए। पार्टी ने आरोप लगाया कि सरकार छात्रों की आवाज दबाने के लिए पुलिस का इस्तेमाल कर रही है।

इस बीच डुमरी के विधायक जयराम महतो भी विधानसभा से बाहर निकलकर प्रदर्शनकारी छात्रों के बीच पहुंचे। उन्होंने छात्रों के समर्थन की बात कही और कहा कि उनकी आवाज को विधानसभा के भीतर और सड़क पर भी उठाया जाएगा। प्रदर्शनकारियों ने जयराम महतो का समर्थन करते हुए उन्हें अपने बीच शामिल किया।

छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो भी विधानसभा मार्च में शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे पिछले कई दिनों से अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं और अब सरकार को उनकी शिकायतों पर स्पष्ट कार्रवाई करनी चाहिए। छात्रों ने यह भी कहा कि जब तक उनकी मांगों पर समाधान नहीं होता, आंदोलन जारी रहेगा।

प्रदर्शन के दौरान छात्रों की ओर से यह भी कहा गया कि यदि पुलिस उन्हें विधानसभा जाने से रोकती है तो वे शांतिपूर्वक वहीं रुकने के लिए तैयार हैं। उनका कहना था कि बल प्रयोग की जरूरत नहीं है और वे लंबे समय से शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग उठा रहे हैं।

मुख्यमंत्री आवास के बाहर भी बीजेपी नेताओं ने कथित भर्ती अनियमितताओं को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे कुछ बीजेपी नेताओं को हिरासत में लिया। इस तरह छात्रों के विधानसभा मार्च के साथ राजनीतिक विरोध भी तेज दिखाई दिया।

फिलहाल रांची में प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई को लेकर स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है। छात्रों की मुख्य मांग JPSC-JSSC भर्ती प्रक्रियाओं में कथित अनियमितताओं और पेपर लीक के आरोपों पर कार्रवाई से जुड़ी है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस कदम नहीं उठाया जाता, उनका आंदोलन जारी रहेगा।

0Shares

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *