March 9, 2026

एयरलाइंस पर आरोप: देर से सूचना देकर मुनाफा, नियमों की उड़ाई धज्जियाँ"

0

नई दिल्‍ली । एयरपोर्ट पहुंचने पर आपको अचानक जानकारी दी जाती है कि आपकी फ्लाइट पूर्व निर्धारित समय से देरी से उड़ान भरेगी तो समझ लें कि विमान कंपनी आपके साथ ही नहीं, बल्कि नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) के नियमों से भी खिलावाड़ कर रही है।
इस मनमानी के पीछे कंपनियां मुनाफे और पैसा बचाने का खेल खेलती हैं। बीते कुछ दिनों में इंडिगो समेत अन्य विमानन कंपनियों ने उड़ान सेवा देरी से शुरू होने पर यात्रियों को दी जाने वाली सुविधाओं से बचने और कमाई बढ़ाने के लिए उड़ान सेवा रद्द होने और देरी से उड़ान भरने की तय समय पर जानकारी नहीं दी है। कई विमानन कंपनियों पर आरोप है कि वह डीजीसीए के नियमों से बचने के लिए गलत व देरी से जानकारी दे रही हैं। विमानन कंपनियां रिफंड, भोजन व होटल की लागत से बचने के लिए यात्रियों को योजनाबद्ध तरीके से देरी से जानकारी देने का तरीका अपना रही हैं। विमानन कंपनियां एक योजनाबद्ध तरीका अपनाकर यात्रियों को फंसाती हैं, जिससे उन्हें 100 फीसदी रिफंड या अन्य सुविधाएं न देनी पड़ें। बीते सात दिनों में इंडिगो से जुड़े यात्रियों ने शिकायत की है कि उन्हें समय पर फ्लाइट के देरी से उड़ान भरने की जानकारी दी गई।

कंपनियों द्वारा अपनाए जा रहे तरीके
– ऐप और पोर्टल पर फ्लाइट को ऑनटाइम दिखाया जाता है, जिससे यात्री समय पर एयरपोर्ट पहुंचे और एयरलाइन को खाने-पीने की व्यवस्था नहीं करनी पड़े
– एयरपोर्ट पहुंचने पर तय समय से चंद मिनट पहले बताया जाता है कि उड़ान 2 घंटे की देरी। उड़ान में दो घंटे की देरी पर खाने-पीने की सुविधा देनी होती है, लेकिन कंपनियां इससे बचना चाहती हैं
– दो घंटे के बाद फिर बताया जाता है कि अभी फ्लाइट दो घंटों ओर देरी से उड़ान भरेगी
– चार घंटे के बाद फ्लाइट को रद्द किया जाता है। ऐसी स्थिति में कई यात्री खुद टिकट कैंसिल कर देते हैं। यात्रियों द्वारा कैंसिल कराए जाने वाले टिकट पर कंपनी शुल्क काटती है

यात्रियों के लिए अनिवार्य सुविधाएं
– 2 घंटे तक देरी:- पीने का पानी
– 2 से 4 घंटे की देरी:- चाय/कॉफी व हल्का नाश्ता
– 4 घंटे से अधिक की देरी:- भोजन
– ओवरनाइट डिले:- होटल व ट्रांसफर की सुविधा
– 6 घंटे से ज्यादा की अपेक्षित देरी:- वैकल्पिक फ्लाइट का विकल्प या पूरा रिफंड

यह है नियम
अगर विमानन कंपनी अपनी तरफ से विमान सेवा रद्द होने पर टिकट रद्द करेगी तो उसे 100 फीसदी रिफंड देना पड़ता है। इसके साथ ही होटल खाने का पूरा खर्च उठाना पड़ता है, जिसका बोझ कंपनी पर पड़ता है। अगर यात्री खुद टिकट रद्द करता है तो कंपनी उससे टिकट रद्द करने का शुल्क काटती है।

उड़ान में देरी से जुड़े नियम जानने जरूरी
इस वर्ष मार्च में नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल ने लोकसभा में उड़ान सेवा देरी से शुरू होने पर यात्रियों को विमानन कंपनियों द्वारा दी जाने वाली अनिवार्य सुविधाओं के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सरकार देरी से उड़ान सेवा संचालित होने के मामले में आवश्यक कार्रवाई करती है। साथ ही, जानकारी दी कि कितने देरी में यात्रियों को क्या सुविधाएं देनी अनिवार्य हैं।

0Shares

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *