पीयूष गोयल की अमेरिका यात्रा में भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर अहम बातचीत, अंतरिम डील आगे बढ़ाने पर जोर
पीयूष गोयल 29 सितंबर से 5 अक्टूबर तक अमेरिका की यात्रा पर रहेंगे। इस दौरान वह 30 सितंबर और 1 अक्टूबर को विस्कॉन्सिन के मिल्वौकी में होने वाली जी20 व्यापार मंत्रियों की बैठक में शामिल होंगे। इस बैठक के दौरान भारत और अमेरिका के बीच व्यापार संबंधों से जुड़े मुद्दों पर भी बातचीत होने की संभावना है।यात्रा के दौरान गोयल की अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जेमिसन ग्रीर के साथ होने वाली बातचीत पर विशेष ध्यान रहेगा। दोनों पक्ष भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौते को आगे बढ़ाने और 7 फरवरी 2026 के संयुक्त बयान के अनुरूप अंतरिम समझौते को अंतिम रूप देने की दिशा में काम कर रहे हैं।
भारत की प्राथमिकताओं में अपने निर्यातकों के लिए बेहतर बाजार पहुंच और प्रतिस्पर्धी देशों की तुलना में स्पष्ट टैरिफ लाभ हासिल करना शामिल है। भारत चाहता है कि उसके उत्पादों को अमेरिकी बाजार में ऐसी परिस्थितियां मिलें, जिससे भारतीय कंपनियों की प्रतिस्पर्धात्मकता मजबूत हो और व्यापारिक अवसरों का विस्तार हो सके।
दोनों देशों के बीच व्यापार समझौते की रूपरेखा को लेकर बातचीत पहले से जारी है। भारत मुख्य रूप से मोस्ट फेवर्ड नेशन यानी एमएफएन टैरिफ व्यवस्था के तहत काम करता है, जबकि अमेरिका मौजूदा समय में कार्यकारी आदेशों के जरिए टैरिफ लागू कर रहा है। ऐसे में दोनों देशों के लिए ऐसी व्यवस्था तैयार करना महत्वपूर्ण है, जिससे टैरिफ संबंधी अंतर को संबोधित किया जा सके और कंपनियों को प्राथमिकता आधारित बाजार पहुंच मिल सके।जी20 व्यापार मंत्रियों की बैठक में भारत विश्व व्यापार संगठन के केंद्र में रहते हुए नियम-आधारित, खुली, समावेशी, पारदर्शी, न्यायसंगत और भेदभावरहित वैश्विक व्यापार व्यवस्था के समर्थन पर जोर देगा। साथ ही विकासशील देशों के लिए पर्याप्त नीतिगत लचीलापन बनाए रखने की आवश्यकता भी उठाई जाएगी।
अमेरिका यात्रा के दौरान पीयूष गोयल व्यापार और निवेश संबंधों को मजबूत करने के उद्देश्य से कई द्विपक्षीय बैठकों में हिस्सा लेंगे। इन चर्चाओं में किसानों, मछुआरों, महिला उद्यमियों, स्टार्टअप्स, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों और अन्य कारोबारी वर्गों के लिए नए अवसर पैदा करने से जुड़े मुद्दों पर ध्यान दिया जाएगा।गोयल मिल्वौकी और शिकागो में विनिर्माण, उपभोक्ता वस्तु, कृषि व्यवसाय, रिटेल और प्रौद्योगिकी क्षेत्र की प्रमुख अमेरिकी कंपनियों के वरिष्ठ अधिकारियों से भी मुलाकात करेंगे। इन बैठकों में भारत में निवेश, विनिर्माण क्षमता के विस्तार, तकनीकी सहयोग और आपूर्ति शृंखला साझेदारी जैसे विषयों पर चर्चा होगी।
इस यात्रा के दौरान व्यापार समझौते के साथ भारत-अमेरिका व्यापार और निवेश संबंधों को मजबूत करने के व्यापक प्रयासों पर भी बातचीत होगी। जी20 मंच पर बहुपक्षीय व्यापार व्यवस्था से जुड़े मुद्दों और द्विपक्षीय स्तर पर बाजार पहुंच तथा टैरिफ संबंधी विषयों पर चर्चा के जरिए दोनों देशों के बीच व्यापारिक संबंधों को आगे बढ़ाने की कोशिश की जाएगी।
