ग्राहकों के साथ धोखाधड़ी को लेकर ऑनलाइन शॉपिंग कंपनियों पर शिकंजा
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25 मामलों में ₹15 लाख जुर्माना, 2 महीने में 6 और केस पकड़े
हल्द्वानी और नैनीताल में ग्राहकों के साथ धोखाधड़ी और घटतौली करने वालों के खिलाफ बाट-माप विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है। अब विभाग सिर्फ बाजारों तक सीमित नहीं है, बल्कि ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म्स पर भी नजर रख रहा है। जहां नियमों की अनदेखी कर ग्राहकों को चूना लगाया जा रहा है।
ऐसे मामलों में विभाग ने 25 केस में कार्रवाई करते हुए 15 लाख रुपए से ज्यादा का जुर्माना वसूला है। बाट-माप विभाग के नियंत्रक अधिकारी ललित पंत ने बताया कि ऑनलाइन बिकने वाले कई उत्पादों पर निर्माता का नाम, वजन, साइज, एमआरपी और अन्य अनिवार्य घोषणाएं सही तरीके से दर्ज नहीं थीं। यह उपभोक्ता संरक्षण नियमों का उल्लंघन है। ऐसे मामलों में संबंधित कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है।
ललित पंत के अनुसार, 2025-26 में विभाग ने 16,998 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। जांच के दौरान 942 अनियमितताएं मिलीं, जिनमें से 935 मामलों में तत्काल कार्रवाई की गई। जांच के दायरे में बड़े कारोबारी भी शामिल रहे। इनमें 59 पेट्रोल पंप, 22 गैस एजेंसियां, 88 फैक्ट्रियां, 42 ज्वेलर्स और 121 धर्मकांटे शामिल हैं।
चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 के अप्रैल और मई में विभाग ने 2,306 जगहों पर छापेमारी की। इस दौरान 80 नए मामले सामने आए, जबकि 112 मामलों का कंपाउंडिंग के जरिए निस्तारण कर 6 लाख रुपए से अधिक का जुर्माना वसूला गया।
ऑनलाइन गड़बड़ी के 6 नए मामले, ₹3.75 लाख की वसूली
ललित पंत ने बताया कि पिछले दो महीनों में ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स से जुड़े 6 नए मामले पकड़े गए, जिनमें 3.75 लाख रुपए का जुर्माना वसूला गया। उन्होंने कहा कि विभाग की टीम लगातार ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स की निगरानी कर रही है। ग्राहकों के अधिकारों का उल्लंघन करने वाली कंपनियों के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
