उत्तराखंड पुलिस पर चेकिंग के दौरान अंधाधुंध फायरिंग: फर्जी नंबर प्लेट लगी बाइक से आए थे बदमाश
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गोलियां चलाने वाले बदमाश गैंगस्टर एक्ट में भी जा चुके जेल
देहरादून में गाड़ियों की चेकिंग के दौरान पुलिस पर अंधाधुंध फायरिंग की गई। देर रात फर्जी नंबर प्लेट लगी बाइक सवार दो बदमाशों को रोकने की कोशिश की गई तो वे चेकिंग पॉइंट पर रुकने के बजाय भागने लगे। इसके बाद पुलिस टीम ने बदमाशों का पीछा किया तो उन्होंने पुलिस की गाड़ी पर फायरिंग कर दी।
घटना में पुलिस की गाड़ी क्षतिग्रस्त हो गई। इसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई करते हुए फायरिंग की, जिसमें दोनों बदमाशों के पैर में गोली लगी है। उन्हें इलाज के लिए प्रेमनगर अस्पताल भेजा गया है। पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपी पटेलनगर, विकासनगर और सहसपुर समेत कई थाना क्षेत्रों में नकबजनी की घटनाओं में शामिल रहे हैं। घटना पटेलनगर क्षेत्र के नयागांव की है।
सिलसिलेवार ढंग से पूरी खबर…
1. चेकिंग के दौरान रोकने का प्रयास- शनिवार देर रात पटेलनगर क्षेत्र के नयागांव के पास पुलिस चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी दौरान फर्जी नंबर प्लेट लगी बाइक पर सवार दो संदिग्ध पहुंचे। पुलिस ने उन्हें रोकने का इशारा किया, लेकिन वे रुकने के बजाय बुडपुर की तरफ भागने लगे।

शक होने पर पुलिस टीम ने बदमाशों की बाइक का पीछा किया। खुद को घिरता देख बदमाशों ने पुलिस की गाड़ी पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी, जिससे पुलिस का वाहन क्षतिग्रस्त हो गया।
2. जवाबी कार्रवाई और एनकाउंटर- पुलिस टीम ने तुरंत जवाबी कार्रवाई करते हुए फायरिंग की। दोनों ओर से हुई गोलीबारी में दोनों बदमाशों के पैर में गोली लगी और वे घायल होकर गिर पड़े।
घायल बदमाशों को तुरंत पुलिस सुरक्षा में इलाज के लिए प्रेमनगर अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
3. हरिद्वार के रुड़की से आए थे- बदमाशों की पहचान समीम और शहजाद, निवासी रुड़की, हरिद्वार के रूप में हुई है। दोनों शातिर अपराधी हैं, जिनके खिलाफ पहले भी गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई हो चुकी है और वे कई बार हरिद्वार जेल जा चुके हैं।
पुलिस ने दोनों आरोपियों के पास से दो अवैध पिस्टल, जिंदा कारतूस और खोखा कारतूस बरामद किए हैं। शुरुआती पूछताछ में दोनों ने पटेलनगर, विकासनगर और सहसपुर थाना क्षेत्रों में नकबजनी की कई घटनाओं को अंजाम देने की बात कबूल की है।
4. अगली योजना नाकाम की पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपी शनिवार रात भी किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में निकले थे, लेकिन मुठभेड़ के बाद पकड़े गए। पुलिस अब बरामद हथियारों और उनके आपराधिक रिकॉर्ड की जांच कर रही है।
