बलरामपुर में विकास को रफ्तार: सड़क-पुल और डैम समेत कई परियोजनाओं पर खर्च होंगे 1.85 अरब रुपये
जिला प्रशासन द्वारा तैयार की गई कार्ययोजना को युक्तधारा पोर्टल पर अपलोड कर दिया गया है। इस योजना के माध्यम से करीब 44 लाख 26 हजार 910 मानव दिवस सृजित करने का लक्ष्य रखा गया है, जिससे बड़ी संख्या में ग्रामीण मजदूरों को काम मिल सकेगा और पलायन पर भी रोक लगाने में मदद मिलेगी।
793 ग्राम पंचायतों में होगा विकास
इस योजना के तहत जिले की 793 ग्राम पंचायतों में विभिन्न विकास कार्य कराए जाएंगे। प्रशासन का मानना है कि इससे गांवों में बुनियादी सुविधाएं बेहतर होंगी और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
इसके अलावा ग्रामीणों के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने और स्थानीय स्तर पर आजीविका के साधन विकसित करने पर भी जोर दिया गया है।
मजदूरों को मिलेगा 125 दिन तक रोजगार
योजना के तहत इस बार मजदूरों को एक वर्ष में 125 दिन तक रोजगार उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है। जिले में करीब 1 लाख 49 हजार सक्रिय श्रमिकों को इसका सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है। इससे ग्रामीण परिवारों की आय बढ़ेगी और उन्हें गांव में ही रोजगार मिल सकेगा।
इन कार्यों पर होगा विशेष फोकस
कार्ययोजना के अनुसार कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में काम कराया जाएगा, जिनमें शामिल हैं:
जल संरक्षण और जल संग्रहण से जुड़े प्रोजेक्ट
पर्यावरण संरक्षण के लिए पौधरोपण अभियान
पशुपालन को बढ़ावा देने के लिए कैटल शेड निर्माण
जरूरतमंदों के लिए आवास संबंधी कार्य
गांवों में सड़क, पुल और छोटे निर्माण कार्य
कुछ योजनाएं सीधे लाभार्थियों को व्यक्तिगत लाभ देने के उद्देश्य से
इन कार्यों के जरिए गांवों की बुनियादी सुविधाओं में सुधार के साथ-साथ रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
40% बजट निर्माण सामग्री पर
कुल बजट का लगभग 40 प्रतिशत हिस्सा निर्माण सामग्री और अन्य जरूरी खरीद पर खर्च किया जाएगा, जबकि बाकी राशि मजदूरी के रूप में श्रमिकों को दी जाएगी।
ब्लॉक और ग्राम पंचायत स्तर पर प्रस्ताव तैयार कर उन्हें स्वीकृति दी जाएगी। इसके बाद 1 अप्रैल से ग्राम पंचायतों में विकास कार्य जमीन पर शुरू होने की तैयारी है।
प्रशासन का मानना है कि इस योजना से न केवल ग्रामीण इलाकों में विकास की गति तेज होगी, बल्कि स्थानीय लोगों को रोजगार मिलने से आर्थिक स्थिति भी मजबूत होगी।
बलरामपुर में विकसित भारत रोजगार एवं आजीविका मिशन के तहत 2026-27 में 1.85 अरब रुपये से सड़क, पुल और अन्य विकास कार्य कराए जाएंगे। योजना से 44 लाख से अधिक मानव दिवस सृजित होंगे और हजारों ग्रामीण मजदूरों को रोजगार मिलेगा।
