तिरुपति की दवा फैक्ट्री में बॉयलर फटा, पांच कर्मचारियों की मौत, 10 से अधिक घायल; राहत-बचाव के साथ जांच शुरू
नई दिल्ली: आंध्र प्रदेश के तिरुपति जिले में शनिवार तड़के एक दवा बनाने वाली फैक्ट्री में बॉयलर फटने से बड़ा हादसा हो गया। सत्यवेडु मंडल स्थित श्री सिटी स्पेशल इकोनॉमिक जोन (एसईजेड) में संचालित टिल हेल्थकेयर की फार्मास्युटिकल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट में नाइट शिफ्ट के दौरान अचानक बॉयलर जोरदार धमाके के साथ फट गया। विस्फोट के बाद फैक्ट्री परिसर में आग फैल गई। इस हादसे में पांच कर्मचारियों की मौत हो गई, जबकि 10 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया और उनका इलाज कराया जा रहा है। हादसे के बाद फैक्ट्री परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
टिल हेल्थकेयर की यह यूनिट टैबलेट बनाने का काम करती है। शनिवार तड़के जब कर्मचारी नाइट शिफ्ट में काम कर रहे थे, उसी दौरान यूनिट के अंदर लगे बॉयलर में विस्फोट हुआ। धमाका इतना तेज था कि इसके बाद पूरी इकाई में भीषण आग फैल गई। हादसे में पांच कर्मचारियों की मौके पर ही मौत होने की जानकारी सामने आई है। वहीं, 10 से अधिक कर्मचारी गंभीर रूप से झुलस गए। घटना के बाद घायलों को फैक्ट्री से बाहर निकाला गया और तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। हादसे की सूचना मिलने के बाद स्थानीय स्तर पर राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया।
घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस, आपातकालीन सेवाएं और राहत दल मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने फैक्ट्री परिसर में पहुंचकर स्थिति को संभाला और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की। राहत दलों ने आग पर काबू पाने के साथ ही परिसर में मौजूद कर्मचारियों की मदद की। एसईजेड के अधिकारियों के अनुसार, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि बॉयलर में विस्फोट किस वजह से हुआ। प्रशासन की ओर से हादसे के कारणों की जांच की जा रही है। जांच में तकनीकी खराबी, सुरक्षा प्रणाली की विफलता और संचालन में किसी तरह की चूक समेत संभावित पहलुओं को देखा जा रहा है।
हादसे की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन और संबंधित अधिकारी राहत एवं बचाव कार्य के साथ घायलों के इलाज पर भी नजर बनाए हुए हैं। अधिकारियों ने प्रभावित कर्मचारियों को तत्काल सहायता उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक कदम उठाए हैं। घटना के बाद फैक्ट्री में काम करने वाले कर्मचारियों और उनके परिवारों के बीच भी चिंता का माहौल है। हादसे के कारणों की जांच पूरी होने के बाद ही बॉयलर विस्फोट की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल राहत और बचाव कार्य के साथ मामले की जांच जारी है और घायलों के उपचार को प्राथमिकता दी जा रही है।
आंध्र प्रदेश के शिक्षा और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री नारा लोकेश ने हादसे पर दुख जताया है। उन्होंने घटना को बेहद दुखद बताते हुए अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं। मंत्री ने जिला प्रशासन और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी घायलों का बेहतर से बेहतर इलाज तत्काल सुनिश्चित किया जाए। साथ ही राज्य सरकार की ओर से प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने का भरोसा दिया गया है। प्रशासन की टीमें घटनास्थल पर स्थिति की निगरानी कर रही हैं और हादसे के कारणों से जुड़े सभी संभावित पहलुओं की जांच की जा रही है।
