Gold Price Prediction: सोने में फिर आएगी तेजी? एक्सपर्ट का अनुमान- साल के अंत तक
नई दिल्ली। सोने और चांदी की कीमतों में हालिया गिरावट के बाद अब बाजार में फिर तेजी की उम्मीद जताई जा रही है। लगातार बढ़त के बाद कीमती धातुओं में मुनाफावसूली और अंतरराष्ट्रीय बाजार के बदले माहौल का असर कीमतों पर पड़ा है। हालांकि, एक्सपर्ट्स का मानना है कि आने वाला त्योहारी और शादी का सीजन घरेलू मांग को बढ़ा सकता है, जिससे सोने-चांदी के भाव को दोबारा मजबूती मिल सकती है।
बाजार विशेषज्ञ अजय केडिया के अनुमान के मुताबिक, सितंबर के अंत तक 10 ग्राम सोने का भाव 1.6 लाख रुपये तक पहुंच सकता है। वहीं, साल के अंत तक सोने की कीमत 1.8 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर तक जाने की संभावना जताई गई है। चांदी को लेकर भी तेजी का अनुमान है और इसका भाव 3 लाख रुपये प्रति किलो तक पहुंच सकता है।
लगातार तेजी के बाद क्यों फिसले सोने-चांदी के भाव?
पिछले कुछ दिनों में सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट को बाजार की सामान्य हलचल के तौर पर देखा जा रहा है। लगातार तेजी के बाद निवेशकों की ओर से मुनाफावसूली शुरू हुई, जिससे कीमती धातुओं पर दबाव बना। इसके अलावा अंतरराष्ट्रीय बाजार में होने वाले बदलावों का असर भी घरेलू कीमतों पर पड़ा।
एमसीएक्स के आंकड़ों के मुताबिक, हाल की सात कारोबारी दिनों की अवधि में सोने की कीमत करीब 4 फीसदी, जबकि चांदी लगभग 2 फीसदी कमजोर हुई है। तीन महीने की अवधि में सोने में करीब 3 फीसदी और चांदी में लगभग 8 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई। छह महीने की अवधि में भी दोनों कीमती धातुओं में कमजोरी देखने को मिली है।
सितंबर के अंत तक सोना 1.6 लाख तक पहुंचने का अनुमान
केडिया एडवाइजरी के निदेशक अजय केडिया का मानना है कि हालिया गिरावट के बावजूद भारत में सोने की मांग मजबूत बनी हुई है। भारतीय बाजार में सोना केवल निवेश का साधन नहीं है, बल्कि त्योहारों और शादियों से इसकी खरीद सीधे जुड़ी हुई है।
इसी घरेलू मांग को देखते हुए सितंबर के अंत तक 10 ग्राम सोने का भाव करीब 1.6 लाख रुपये तक पहुंचने का अनुमान लगाया गया है। अगर बाजार में मांग मजबूत रहती है तो इसके बाद कीमतों में और तेजी देखने को मिल सकती है।
अक्टूबर से बढ़ सकती है खरीदारी
त्योहारी सीजन शुरू होने के साथ सोने की खरीदारी में तेजी आने की उम्मीद है। इसके बाद शादी का सीजन शुरू होगा, जिससे आभूषणों की मांग बढ़ सकती है। बाजार विश्लेषकों के मुताबिक मांग बढ़ने की स्थिति में मौजूदा कीमतों को और सहारा मिल सकता है।
पोपली ग्रुप के निदेशक राजीव पोपली के अनुसार, कीमतों में गिरावट को ग्राहक खरीदारी के अवसर के तौर पर देख सकते हैं। उनका कहना है कि त्योहारों के बाद यदि सोने की कीमत में कोई बड़ी गिरावट आती है तो बाजार में खरीदारी बढ़ने की संभावना है।
साल के अंत तक 1.8 लाख रुपये हो सकता है सोना
न्यूज18 तमिल की रिपोर्ट के मुताबिक, बाजार विश्लेषकों का अनुमान है कि अगर त्योहारी और शादी के सीजन में सोने की मांग मजबूत रहती है और अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियां भी कीमतों के अनुकूल बनी रहती हैं, तो साल के अंत तक 10 ग्राम सोने का भाव 1.8 लाख रुपये तक पहुंच सकता है।
इसी तरह चांदी के भाव में भी तेज बढ़ोतरी की संभावना जताई गई है और यह 3 लाख रुपये प्रति किलो के स्तर तक पहुंच सकती है।
इन फैक्टर्स पर भी निर्भर करेगा सोने का भाव
हालांकि, 1.8 लाख रुपये का अनुमान बाजार विशेषज्ञों का आकलन है, कोई निश्चित कीमत नहीं। सोने और चांदी के भाव पर अंतरराष्ट्रीय बाजार की स्थिति, डॉलर की चाल, ब्याज दरें, भू-राजनीतिक घटनाक्रम और घरेलू मांग जैसे कई कारकों का असर पड़ता है।
ऐसे में मौजूदा गिरावट को देखते हुए भविष्य में कीमतें किस स्तर तक जाएंगी, इसे लेकर पक्की भविष्यवाणी नहीं की जा सकती। निवेशकों और खरीदारों को बाजार की परिस्थितियों को ध्यान में रखकर ही फैसला लेना चाहिए।
