कांवड़ यात्रा के चलते भोपाल-इंदौर मार्ग पर बड़ा ट्रैफिक बदलाव, 23 अगस्त से भारी वाहनों की एंट्री पर रोक; जानें पूरा डायवर्जन
कांवड़ यात्रा सीहोर क्षेत्र से होकर गुजरेगी। यात्रा के चलते भोपाल-इंदौर हाईवे पर सामान्य यातायात और भारी वाहनों की आवाजाही प्रभावित रहेगी। प्रशासन ने यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए वाहनों को वैकल्पिक मार्ग से निकालने की व्यवस्था की है। इसके तहत भोपाल से इंदौर जाने वाले सभी वाहनों को ब्यावरा होकर भेजा जाएगा। इसी तरह इंदौर से भोपाल की ओर आने वाले वाहनों को भी भोपाल-ब्यावरा-इंदौर मार्ग के जरिए आवागमन करना होगा। इस बदलाव के कारण वाहन चालकों को सामान्य दिनों की तुलना में अधिक दूरी तय करनी पड़ेगी।
यातायात डायवर्जन 23 अगस्त की सुबह से प्रभावी होगा और 25 अगस्त की शाम तक लागू रहेगा। इस दौरान भोपाल-इंदौर के बीच नियमित रूप से सफर करने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। खासकर उन लोगों को अतिरिक्त समय लेकर निकलना चाहिए जिन्हें तय समय पर भोपाल या इंदौर पहुंचना जरूरी है। ब्यावरा होकर वैकल्पिक मार्ग अपनाने के कारण यात्रा की दूरी बढ़ेगी और सामान्य समय की तुलना में करीब डेढ़ से दो घंटे अतिरिक्त लग सकते हैं। ऐसे में यात्रियों को अपने सफर का समय उसी हिसाब से तय करने की सलाह दी गई है।
कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने के कारण मुख्य मार्ग पर यातायात का दबाव भी बढ़ने की संभावना है। इसे देखते हुए वाहन चालकों से अपील की गई है कि वे यात्रा मार्ग पर अनावश्यक रूप से वाहन न रोकें और यातायात व्यवस्था में तैनात पुलिसकर्मियों के निर्देशों का पालन करें। विशेष रूप से भारी वाहनों के चालकों को डायवर्जन व्यवस्था का पालन करना होगा ताकि यात्रा मार्ग पर किसी तरह की अव्यवस्था या जाम की स्थिति पैदा न हो।
यात्रियों के लिए सीहोर और देवास क्षेत्र के प्रमुख मार्गों पर भी अतिरिक्त सतर्कता जरूरी होगी। यदि संभव हो तो इन क्षेत्रों के व्यस्त मार्गों पर जाने से बचने और वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करने की सलाह दी गई है। स्थानीय प्रशासन की ओर से समय समय पर जारी होने वाली यातायात एडवाइजरी पर भी नजर रखना जरूरी होगा। कुल मिलाकर 23 से 25 अगस्त तक भोपाल-इंदौर के बीच यात्रा करने वालों को सामान्य रूट के बजाय ब्यावरा होकर सफर करना होगा। ऐसे में वाहन चालक घर से निकलने से पहले रूट की जानकारी लें और अतिरिक्त समय के साथ यात्रा शुरू करें ताकि कांवड़ यात्रा के कारण होने वाले ट्रैफिक बदलाव का असर उनकी यात्रा पर कम से कम पड़े।
