वैश्विक संकेतों और मजबूत खरीदारी से बाजार में लौटी रफ्तार, सेंसेक्स-निफ्टी मजबूती के साथ बंद, ऑटो और रियल्टी शेयरों ने दिखाई ताकत
कारोबार समाप्त होने पर बीएसई सेंसेक्स 521.16 अंकों की बढ़त के साथ 78,285.07 अंक पर बंद हुआ। वहीं, एनएसई निफ्टी 159.50 अंक चढ़कर 24,430.35 अंक के स्तर पर पहुंच गया। शुरुआती कारोबार से ही दोनों सूचकांकों में तेजी का रुख दिखाई दिया और दिनभर खरीदारी का दबदबा बना रहा। कारोबार के दौरान सेंसेक्स 78,398.06 अंक और निफ्टी 24,458.65 अंक के उच्चतम स्तर तक पहुंचने में सफल रहे।
व्यापक बाजार में भी सकारात्मक रुझान देखने को मिला। मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी अच्छी बढ़त दर्ज की गई, जिससे यह संकेत मिला कि केवल बड़ी कंपनियों तक ही नहीं बल्कि मध्यम और छोटी कंपनियों के शेयरों में भी निवेशकों की रुचि बनी रही। बाजार की व्यापक मजबूती को निवेशकों ने सकारात्मक संकेत के रूप में देखा।
सेक्टोरल प्रदर्शन की बात करें तो रियल्टी, कंज्यूमर ड्यूरेबल्स, ऑटो तथा ऑयल एंड गैस कंपनियों के शेयरों में सबसे अधिक खरीदारी देखने को मिली। इसके अलावा मेटल, फार्मा, हेल्थकेयर और वित्तीय सेवाओं से जुड़े शेयर भी बढ़त के साथ बंद हुए। हालांकि आईटी, मीडिया और पीएसयू बैंकिंग सेक्टर में कुछ मुनाफावसूली देखने को मिली, जिसके कारण इन क्षेत्रों के सूचकांक दबाव में रहे।
प्रमुख कंपनियों में एचडीएफसी बैंक, हिंडाल्को इंडस्ट्रीज, ओएनजीसी, बजाज ऑटो और महिंद्रा एंड महिंद्रा के शेयरों ने बेहतर प्रदर्शन किया। दूसरी ओर कोटक महिंद्रा बैंक, टीसीएस, कोल इंडिया, बजाज फिनसर्व और मैक्स हेल्थकेयर के शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। इसके बावजूद बाजार की समग्र दिशा सकारात्मक बनी रही।
बाजार में आई इस तेजी का सीधा लाभ निवेशकों को भी मिला। कारोबार समाप्त होने तक सूचीबद्ध कंपनियों का कुल बाजार पूंजीकरण बढ़कर लगभग 482.33 लाख करोड़ रुपये पहुंच गया। एक ही कारोबारी सत्र में निवेशकों की संपत्ति में करीब दो लाख करोड़ रुपये की वृद्धि दर्ज की गई, जिससे निवेशकों का मनोबल और मजबूत हुआ।
विश्लेषकों का मानना है कि पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक तनाव में नरमी, कच्चे तेल की अपेक्षाकृत स्थिर कीमतें, पहली तिमाही के वित्तीय परिणामों से पहले सकारात्मक माहौल तथा घरेलू स्तर पर मजबूत खरीदारी ने बाजार को मजबूती प्रदान की है। इन कारकों ने निवेशकों के विश्वास को बढ़ाया और बाजार में लगातार चौथे दिन तेजी बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
तकनीकी संकेतक भी फिलहाल बाजार के पक्ष में दिखाई दे रहे हैं। प्रमुख सूचकांक महत्वपूर्ण तकनीकी स्तरों के ऊपर टिके हुए हैं, जिससे निकट अवधि में सकारात्मक रुझान बने रहने की संभावना जताई जा रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि निफ्टी आने वाले सत्रों में प्रमुख प्रतिरोध स्तरों को पार करने में सफल रहता है तो बाजार में तेजी का अगला चरण देखने को मिल सकता है। वहीं, किसी भी सीमित गिरावट की स्थिति में निचले स्तरों पर खरीदारी का समर्थन मिलने की संभावना बनी हुई है, जिससे बाजार की मजबूती आगे भी बरकरार रह सकती है।
