June 22, 2026

इंदौर ने रचा योग इतिहास: 10 हजार साधकों ने 3 मिनट तक किया सामूहिक भ्रामरी प्राणायाम, बना रिकॉर्ड

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इंदौर। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रविवार को मध्य प्रदेश का इंदौर शहर एक बार फिर योग के वैश्विक केंद्र के रूप में उभरा, जहां हजारों लोगों ने एक साथ मिलकर योग और प्राणायाम का भव्य प्रदर्शन किया। शहर के गोपुर चौराहे पर आयोजित इस विशाल योग कार्यक्रम में करीब 10 हजार से अधिक साधकों ने सामूहिक रूप से भ्रामरी प्राणायाम किया और इसे 3 मिनट से अधिक समय तक जारी रखते हुए एक उल्लेखनीय उपलब्धि दर्ज की।

इस भव्य आयोजन का संचालन नगर निगम इंदौर द्वारा चलाए जा रहे योगमित्र अभियान के अंतर्गत किया गया, जिसमें शहरभर की योग संस्थाओं, सामाजिक संगठनों और विभिन्न वर्गों के नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस वर्ष योग दिवस की थीम “स्वस्थ आयु के लिए योग” के अनुरूप कार्यक्रम में स्वास्थ्य, संतुलन और दीर्घायु जीवन का संदेश दिया गया।

कार्यक्रम में मध्य प्रदेश सरकार के कई मंत्री और जनप्रतिनिधि शामिल हुए। इनमें Durgadas Uikey और Kailash Vijayvargiya प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। इसके अलावा महापौर पुष्यमित्र भार्गव सहित अनेक जनप्रतिनिधियों और गणमान्य नागरिकों ने भी योगाभ्यास में भाग लेकर इस आयोजन को और भव्य बना दिया।

सुबह 6 बजे शुरू हुए इस कार्यक्रम में पहले शहर की विभिन्न योग संस्थाओं ने आकर्षक और भक्तिमय योग प्रस्तुतियां दीं, जिसने उपस्थित लोगों का ध्यान आकर्षित किया। इसके बाद निर्धारित कॉमन योग प्रोटोकॉल के अनुसार सामूहिक योगाभ्यास कराया गया, जिसमें हजारों लोगों ने एक साथ विभिन्न योगासन किए।

योग सत्र का संचालन योग प्रशिक्षक राकेश चौधरी और इंदौर की बेटी तथा मिसेज इंडिया-2023 चेतना जोशी ने किया, जिन्होंने प्रतिभागियों को भ्रामरी प्राणायाम और अन्य श्वसन तकनीकों का अभ्यास कराया। पूरे मैदान में एक साथ गूंजते “ॐ” और भ्रामरी की ध्वनि ने एक अद्भुत आध्यात्मिक वातावरण तैयार कर दिया।

कार्यक्रम में 70 से अधिक योग संस्थाएं और 150 से अधिक सामाजिक संगठन शामिल हुए, जिससे यह आयोजन एक जनआंदोलन के रूप में दिखाई दिया। हजारों लोगों की एकजुटता ने इंदौर को योग के क्षेत्र में एक बार फिर देशभर में चर्चा का केंद्र बना दिया।

इस अवसर पर योग के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले वरिष्ठ योग गुरुओं, योग खिलाड़ियों और योग प्रचारकों को ‘योग अलंकरण’ से सम्मानित भी किया गया। साथ ही योगमित्र अभियान की आधिकारिक वेबसाइट का शुभारंभ किया गया, जिससे अब शहर की सभी योगशालाओं और योग गतिविधियों की जानकारी एक ही मंच पर उपलब्ध हो सकेगी।

कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी लोगों ने नियमित योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। यह आयोजन न केवल एक रिकॉर्ड बना गया, बल्कि स्वास्थ्य, अनुशासन और सामूहिक चेतना का भी प्रतीक बन गया।

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