भोपाल संभाग के युवाओं की रीवा यात्रा शुरू मुकुंदपुर सफारी से पुरवा प्रपात तक देखेंगे पर्यटन की खूबसूरती
युवाओं को रीवा भ्रमण के दौरान महामृत्युंजय मंदिर संग्रहालय मुकुंदपुर व्हाइट टाइगर सफारी पुरवा प्रपात और बसामन मामा गौ अभ्यारण्य जैसे स्थानों पर ले जाया जाएगा। इन स्थलों के माध्यम से युवाओं को रीवा की धार्मिक परंपरा प्राकृतिक संपदा वन्यजीव और स्थानीय पर्यटन की विविधता को समझने का अवसर मिलेगा। रीवा संभाग लंबे समय से अपने जलप्रपात जंगलों और ऐतिहासिक तथा धार्मिक स्थलों के लिए जाना जाता है। इसी वजह से क्षेत्र में पर्यटन को आर्थिक गतिविधियों और रोजगार से जोड़ने की संभावनाओं पर भी जोर दिया जा रहा है।
यात्रा को रवाना करते हुए उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि मध्यप्रदेश और विशेष रूप से विंध्य क्षेत्र में पर्यटन के विकास की व्यापक संभावनाएं हैं। रीवा संभाग प्राकृतिक सुंदरता से समृद्ध है। यहां मौजूद वन जलप्रपात धार्मिक स्थल और वन्यजीव क्षेत्र पर्यटकों को आकर्षित करने की क्षमता रखते हैं। उन्होंने मैहर चित्रकूट और अमरकंटक जैसे धार्मिक स्थलों के साथ मुकुंदपुर व्हाइट टाइगर सफारी पन्ना नेशनल पार्क संजय टाइगर रिजर्व बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व और संजय दुबरी अभ्यारण्य का भी उल्लेख किया। ऐसे पर्यटन स्थलों को बेहतर सुविधाओं और कनेक्टिविटी के जरिए ज्यादा लोगों तक पहुंचाने पर क्षेत्रीय विकास को गति मिल सकती है।
रीवा में पर्यटन को बढ़ावा देने में बेहतर कनेक्टिविटी को भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि रीवा सड़क और रेल नेटवर्क से जुड़ा हुआ है। इसके साथ ही हवाई संपर्क में भी सुधार हुआ है। कनेक्टिविटी बेहतर होने से पर्यटकों के लिए रीवा पहुंचना आसान हो रहा है और आसपास के पर्यटन स्थलों को भी एक साथ देखने की संभावना बढ़ रही है। सप्ताहांत में आने वाले पर्यटकों के लिए भी यह सुविधा उपयोगी हो सकती है।
उप मुख्यमंत्री ने रीवा के 750 मेगावाट क्षमता वाले सोलर प्लांट का भी जिक्र किया। उन्होंने बसामन मामा गौ अभ्यारण्य में बड़ी संख्या में गौवंश के संरक्षण और प्राकृतिक खेती से जुड़े प्रयासों की जानकारी दी। उनके मुताबिक ऐसे प्रयास पर्यटन के साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था और पर्यावरण संरक्षण से भी जुड़े हैं।
कार्यक्रम में युवाओं की भूमिका पर भी जोर दिया गया। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के विकास में युवा पीढ़ी की भागीदारी महत्वपूर्ण है। यात्रा के माध्यम से युवाओं को मध्यप्रदेश की प्राकृतिक सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत को करीब से देखने का अवसर मिलेगा। संभागीय खेल अधिकारी एमके धौलपुरी के अनुसार दो दिनों तक चलने वाली इस यात्रा में युवाओं को रीवा के प्रमुख स्थलों का भ्रमण कराया जाएगा। इस दौरान जनप्रतिनिधियों और विभागीय अधिकारियों की मौजूदगी भी रही।
