July 26, 2026

केचप से लेकर ब्रेकफास्ट सीरियल तक इन पैक्ड फूड्स में छिपी होती है भरपूर चीनी जानिए कैसे बचें

0
untitled-1784979893

नई दिल्ली। जब भी चीनी की बात होती है तो ज्यादातर लोगों के दिमाग में मिठाई केक चॉकलेट आइसक्रीम या सॉफ्ट ड्रिंक का ख्याल आता है। लेकिन सच यह है कि आजकल बाजार में मिलने वाले कई पैक्ड और प्रोसेस्ड फूड्स ऐसे हैं जिनका स्वाद मीठा नहीं होता फिर भी उनमें बड़ी मात्रा में ऐडेड शुगर मौजूद रहती है। यही छिपी हुई चीनी धीरे धीरे शरीर पर असर डालती है और लंबे समय में मोटापा डायबिटीज हृदय रोग और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा बढ़ा सकती है। इसलिए केवल मीठी चीजों से दूरी बनाना ही पर्याप्त नहीं है बल्कि रोजाना इस्तेमाल होने वाले पैक्ड फूड्स को भी समझदारी से चुनना जरूरी है।

विशेषज्ञों के अनुसार प्राकृतिक और ऐडेड शुगर में अंतर समझना बेहद जरूरी है। फलों दूध और दही जैसी प्राकृतिक चीजों में मौजूद शुगर के साथ फाइबर विटामिन और मिनरल भी मिलते हैं जो शरीर के लिए लाभदायक होते हैं। दूसरी ओर पैक्ड और प्रोसेस्ड खाद्य पदार्थों में स्वाद बढ़ाने बनावट सुधारने और लंबे समय तक सुरक्षित रखने के लिए अलग से मिलाई गई चीनी को ऐडेड शुगर कहा जाता है। यही अतिरिक्त चीनी स्वास्थ्य के लिए सबसे अधिक चिंता का कारण बनती है।

अक्सर लोग यह मान लेते हैं कि नमकीन चीजों में चीनी नहीं होती लेकिन यह धारणा पूरी तरह गलत है। केचप बारबेक्यू सॉस पास्ता सॉस सलाद ड्रेसिंग और कई रेडी टू ईट उत्पादों में स्वाद संतुलित करने के लिए अच्छी मात्रा में चीनी मिलाई जाती है। इसके अलावा फ्लेवर्ड योगर्ट प्रोटीन बार इंस्टेंट ओटमील ग्रेनोला ब्रेकफास्ट सीरियल और कई तरह के नट बटर में भी अतिरिक्त शुगर मौजूद हो सकती है। इसलिए किसी भी पैक्ड फूड को खरीदने से पहले उसका न्यूट्रिशन लेबल पढ़ना एक अच्छी आदत होनी चाहिए।

न्यूट्रिशन लेबल पर टोटल शुगर और ऐडेड शुगर दोनों की जानकारी दी जाती है। यदि किसी उत्पाद में टोटल शुगर अधिक है और उसमें ऐडेड शुगर की मात्रा भी ज्यादा लिखी है तो इसका मतलब है कि उसमें अलग से काफी चीनी मिलाई गई है। साथ ही इंग्रीडिएंट्स की सूची भी ध्यान से पढ़नी चाहिए। यदि शुरुआत में ही चीनी या उससे जुड़े नाम लिखे हों तो समझना चाहिए कि उस उत्पाद में चीनी की मात्रा अधिक है।

ध्यान देने वाली बात यह भी है कि कंपनियां हमेशा शुगर शब्द का उपयोग नहीं करतीं। कई बार केन शुगर कॉर्न सिरप हाई फ्रक्टोज कॉर्न सिरप राइस सिरप मोलासेस कैरेमल हनी अगावे ग्लूकोज फ्रक्टोज सुक्रोज डेक्सट्रोज और माल्टोज जैसे नामों से भी चीनी को लिखा जाता है। ऐसे शब्द देखकर उपभोक्ता आसानी से भ्रमित हो सकते हैं इसलिए लेबल को समझना बेहद जरूरी है।

आजकल बाजार में शुगर फ्री और जीरो शुगर उत्पाद भी तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं। इनमें सुक्रालोज एस्पार्टेम सैकरीन या स्टीविया जैसे स्वीटनर का उपयोग किया जाता है। हालांकि केवल शुगर फ्री लिखा होना किसी उत्पाद को पूरी तरह हेल्दी नहीं बनाता क्योंकि इनमें कई बार दूसरी प्रोसेस्ड सामग्री भी अधिक मात्रा में मौजूद होती है। इसलिए ऐसे उत्पादों का भी सीमित मात्रा में सेवन करना ही बेहतर माना जाता है।

स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए सबसे अच्छा तरीका यही है कि पैक्ड और प्रोसेस्ड फूड्स की जगह ताजे फल सब्जियां साबुत अनाज और घर का बना भोजन अधिक खाया जाए। प्यास बुझाने के लिए सादा पानी बिना चीनी वाली चाय या कॉफी बेहतर विकल्प हैं। यदि कभी पैक्ड फूड खरीदना ही पड़े तो उसका लेबल जरूर पढ़ें और कम ऐडेड शुगर वाले विकल्प चुनें। छोटी सी सावधानी भविष्य में कई गंभीर बीमारियों से बचाने में बड़ी भूमिका निभा सकती है।

0Shares

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *