Gen-Z से संवाद बढ़ाएगा RSS, 100 से ज्यादा शहरों के युवाओं से बात करेंगे मोहन भागवत
यह संवाद ‘इंडियाज इंटरनेशनल मूवमेंट टू यूनाइटेड नेशन्स’ (IIMUN) की 15वीं वर्षगांठ पर आयोजित वार्षिक चैंपियनशिप कॉन्फ्रेंस के उद्घाटन अवसर पर होगा। कार्यक्रम का आयोजन मुंबई के अंबानी सेंटर में किया जाएगा, जबकि विभिन्न शहरों के छात्र ऑनलाइन माध्यम से इसमें जुड़ेंगे।
युवाओं से जुड़ने पर रहेगा जोर
आरएसएस के अनुसार, वर्ष 2011 में स्थापित IIMUN का संचालन युवा स्वयं करते हैं और संगठन का दावा है कि अब तक इससे 7.5 करोड़ से अधिक युवा जुड़ चुके हैं। सम्मेलन का उद्देश्य नई पीढ़ी के विचारों, आकांक्षाओं और चुनौतियों पर खुला संवाद स्थापित करना है।
Gen-Z और Gen Alpha पर विशेष फोकस
कार्यक्रम में मुख्य रूप से दो पीढ़ियों पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा। Gen-Z में 1997 से 2012 के बीच जन्मे युवा शामिल हैं, जबकि Gen Alpha में 2010 से 2024 के बीच जन्मे बच्चों को माना जाता है।
संवाद को बताया था बदलाव का माध्यम
हाल के दिनों में मोहन भागवत ने कहा था कि समाज और समय के साथ बदलाव स्वाभाविक है तथा युवाओं से निरंतर संवाद के जरिए ही चुनौतियों का बेहतर समाधान निकाला जा सकता है। उनके अनुसार, अनुभव सबसे बड़ा शिक्षक होता है और नई पीढ़ी के विचारों को समझना आवश्यक है। उन्होंने यह भी कहा था कि बच्चों और युवाओं के मन की बात सुनकर ही उनके साथ प्रभावी संवाद स्थापित किया जा सकता है। यह कार्यक्रम युवाओं के साथ विचार-विमर्श और सामाजिक विषयों पर संवाद की इसी पहल का हिस्सा माना जा रहा है।
