Xtranet Technologies IPO का अलॉटमेंट आज, 12.24 गुना सब्सक्रिप्शन के बाद 6% प्रीमियम पर लिस्टिंग की उम्मीद, निवेशकों की बढ़ी नजरें
कंपनी का IPO 23 जुलाई 2026 को निवेशकों के लिए खुला था और 27 जुलाई तक आवेदन स्वीकार किए गए। यह पूरी तरह फ्रेश इश्यू था, जिसके तहत करीब 1.31 करोड़ नए इक्विटी शेयर जारी किए गए। कंपनी ने किसी भी प्रमोटर या मौजूदा निवेशक के लिए ऑफर फॉर सेल (OFS) शामिल नहीं किया। शेयरों का प्राइस बैंड 120 से 127 रुपये प्रति शेयर तय किया गया था और ऊपरी मूल्य पर कंपनी का प्री-आईपीओ मार्केट कैपिटलाइजेशन लगभग 664 करोड़ रुपये रहा।
इस IPO को कुल 12.24 गुना सब्सक्रिप्शन प्राप्त हुआ, जो निवेशकों की मजबूत रुचि को दर्शाता है। सबसे अधिक उत्साह गैर-संस्थागत निवेशकों (NII) में देखने को मिला, जहां यह श्रेणी 26.65 गुना सब्सक्राइब हुई। खुदरा निवेशकों का हिस्सा 8.98 गुना और योग्य संस्थागत खरीदारों (QIB) का हिस्सा 7.13 गुना सब्सक्राइब हुआ। मजबूत सब्सक्रिप्शन के बाद अब निवेशकों को अलॉटमेंट और लिस्टिंग से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद है।
ग्रे मार्केट में भी कंपनी के शेयर सकारात्मक संकेत दे रहे हैं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, शेयर लगभग 8 रुपये के प्रीमियम पर कारोबार कर रहे हैं। यदि यही रुझान बना रहता है तो कंपनी के शेयर लगभग 135 रुपये के आसपास सूचीबद्ध हो सकते हैं, जो ऊपरी इश्यू प्राइस 127 रुपये की तुलना में करीब 6 प्रतिशत प्रीमियम दर्शाता है। हालांकि, बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि ग्रे मार्केट प्रीमियम केवल संभावित संकेत होता है और वास्तविक लिस्टिंग बाजार की परिस्थितियों तथा निवेशकों की मांग पर निर्भर करती है।
कंपनी वर्ष 2002 से आईटी समाधान और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन सेवाओं के क्षेत्र में कार्यरत है। इसके कारोबार में क्लाउड कंप्यूटिंग, साइबर सिक्योरिटी, सिस्टम इंटीग्रेशन, डेटा सेंटर मैनेजमेंट, एप्लीकेशन डेवलपमेंट और आईटी इंफ्रास्ट्रक्चर जैसी सेवाएं शामिल हैं। कंपनी सरकारी विभागों, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों और निजी संस्थानों को भी तकनीकी सेवाएं प्रदान करती है। इसके प्रमुख उत्पादों में डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन प्लेटफॉर्म और क्लाउड आधारित समाधान शामिल हैं।
वित्तीय प्रदर्शन की बात करें तो कंपनी ने वित्त वर्ष 2025-26 में मजबूत वृद्धि दर्ज की है। इस दौरान कुल आय बढ़कर 366 करोड़ रुपये पहुंच गई, जो पिछले वित्त वर्ष के 276 करोड़ रुपये से लगभग 32 प्रतिशत अधिक है। वहीं, कंपनी का शुद्ध लाभ 36 प्रतिशत बढ़कर 41 करोड़ रुपये हो गया। EBITDA में भी उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई, जो 47 करोड़ रुपये से बढ़कर 63 करोड़ रुपये हो गया। कंपनी IPO से जुटाई गई राशि का उपयोग मुख्य रूप से कार्यशील पूंजी की जरूरतों, कर्ज चुकाने, सिस्टम और हार्डवेयर अपग्रेड तथा अन्य सामान्य कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए करेगी। कंपनी के शेयरों की संभावित लिस्टिंग 30 जुलाई 2026 को बीएसई और एनएसई पर होने की उम्मीद है, जिस पर निवेशकों की खास नजर रहेगी।
