लीबिया में तेल-गैस खोज से बढ़ी भारत की वैश्विक ऊर्जा ताकत, केंद्र ने बताया बड़ा कदम
सरकार के अनुसार, Oil India Limited और Indian Oil Corporation Limited ने स्थानीय साझेदारों के साथ मिलकर लीबिया के घदामेस बेसिन में यह खोज की है। यह कार्य अल्जीरिया की एसआईपीईएक्स के साथ एक भारतीय कंसोर्टियम के तहत किया गया।
यह खोज कॉन्ट्रैक्ट एरिया 95/96 में हुई, जहां कुओं की खुदाई लगभग 8,440 फीट गहराई तक की गई। परीक्षण के दौरान इस कुएं से प्रतिदिन करीब 13 मिलियन क्यूबिक फीट गैस और 327 बैरल कंडेनसेट उत्पादन प्राप्त हुआ, जिसे एक सकारात्मक और व्यावसायिक रूप से उपयोगी संकेत माना जा रहा है।
केंद्र सरकार ने इस उपलब्धि पर दोनों कंपनियों को बधाई देते हुए कहा कि यह खोज भारत की ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इसके साथ ही यह भी स्पष्ट होता है कि भारतीय तेल कंपनियां अब घरेलू बाजार से आगे बढ़कर वैश्विक स्तर पर अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज करा रही हैं।
सरकार ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय साझेदारियों के जरिए ऊर्जा संपत्तियों में निवेश और खोज से भारत की दीर्घकालिक ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में मदद मिलेगी और आयात पर निर्भरता कम होगी।
इसी बीच सरकार ने यह भी दोहराया कि देश में कच्चे तेल के घरेलू उत्पादन को बढ़ाकर 2030 तक 29 मिलियन टन से 35 मिलियन मीट्रिक टन तक ले जाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए उत्पादन बढ़ाने और नई नीतियों के तहत तेजी से खोज एवं विकास कार्य किए जा रहे हैं।
बाजार में भी इस खबर का असर देखा गया, जहां Oil India Limited के शेयर में मजबूती दर्ज की गई, जबकि Indian Oil Corporation Limited में मामूली गिरावट देखने को मिली।
कुल मिलाकर यह खोज भारत की ऊर्जा रणनीति और वैश्विक विस्तार के लिए एक महत्वपूर्ण संकेत मानी जा रही है, जो आने वाले वर्षों में देश की ऊर्जा सुरक्षा को नई दिशा दे सकती है।
