सीहोर में अवैध शराबखोरी पर पुलिस की दबिश, तीन ढाबों पर जांच में शराब पीते मिले लोग..
पुलिस को पिछले कुछ समय से शिकायतें मिल रही थीं कि शहर के कुछ ढाबों पर नियमों के विरुद्ध ग्राहकों को शराब परोसी जा रही है। शिकायतों में विशेष रूप से रात के समय और बंद कमरों में शराब पिलाए जाने की बात कही गई थी। इसके अलावा, ऐसे स्थानों पर असामाजिक तत्वों के जमावड़े की आशंका भी जताई गई थी। इन सूचनाओं के आधार पर पुलिस ने मामले की जांच की और संबंधित स्थानों पर कार्रवाई की योजना बनाई।
योजना के तहत कोतवाली पुलिस की टीम ने शहर के तीन प्रमुख ढाबों पर औचक दबिश दी। अचानक पहुंची पुलिस टीम ने वहां मौजूद लोगों और गतिविधियों की पड़ताल की। जांच के दौरान कुछ लोग शराब का सेवन करते पाए गए। पुलिस ने मौके पर मौजूद परिस्थितियों का निरीक्षण किया और कथित अनियमितताओं से संबंधित साक्ष्य एकत्र किए। कार्रवाई का उद्देश्य शिकायतों की वास्तविकता की जांच करना और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी कदम उठाना था।
पुलिस अब संबंधित ढाबा संचालकों के खिलाफ आबकारी अधिनियम और अन्य लागू कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई की प्रक्रिया आगे बढ़ा रही है। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि तीनों ढाबों में से प्रत्येक पर किस तरह का उल्लंघन पाया गया। इसी तरह, कितने लोगों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया गया है या किसी व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है, इसकी भी पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में आगे की कार्रवाई जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर तय होगी।
कोतवाली थाना प्रभारी गिरीश दुबे ने स्पष्ट किया कि सीहोर जिले और आसपास के क्षेत्रों में अवैध गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ अभियान जारी रखने की बात कही। पुलिस के अनुसार, इस तरह की कार्रवाई का उद्देश्य कानून-व्यवस्था बनाए रखना और आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
ढाबों पर रात के समय शराब परोसे जाने से संबंधित शिकायतों को देखते हुए पुलिस की यह कार्रवाई महत्वपूर्ण मानी जा रही है। सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने के लिए ऐसे मामलों में शिकायतों की जांच और कानूनी प्रावधानों के अनुसार कार्रवाई आवश्यक है। फिलहाल, तीन ढाबों पर हुई दबिश के बाद संचालकों के खिलाफ प्रक्रिया शुरू की गई है। आगे की स्थिति इस बात पर निर्भर करेगी कि जांच के दौरान जुटाए गए साक्ष्यों से नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है या नहीं। पुलिस ने संकेत दिया है कि अवैध गतिविधियों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
