श्रीनगर एयरपोर्ट पर IndiGo विमान VDGS पोल से टकराया, ब्रेक सिस्टम खराबी के दावे के बीच जांच में जुटे अधिकारी
नई दिल्ली । श्रीनगर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर शुक्रवार सुबह IndiGo की एक फ्लाइट पार्किंग के दौरान विजुअल डॉकिंग गाइडेंस सिस्टम के पोल से टकरा गई। शुरुआती जानकारी के अनुसार विमान को पार्क करते समय ब्रेक सिस्टम में खराबी सामने आई, जिसके बाद विमान का अगला हिस्सा पोल के संपर्क में आ गया। हादसे में विमान के नोज सेक्शन को नुकसान पहुंचा है।
घटना के समय विमान में मौजूद सभी यात्री और क्रू सदस्य सुरक्षित रहे। किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। विमान के रुकने के बाद यात्रियों और चालक दल के सदस्यों को मैनुअल एयरक्राफ्ट सीढ़ियों की मदद से सुरक्षित बाहर निकाला गया।
यह विमान IndiGo की फ्लाइट संख्या 6E 225 थी, जिसने सुबह नवी मुंबई से उड़ान भरी थी। विमान शुक्रवार सुबह करीब नौ बजे श्रीनगर एयरपोर्ट पहुंचा। लैंडिंग के बाद विमान को बे नंबर छह पर पार्क किया जा रहा था। इसी दौरान यह घटना हुई।
उपलब्ध जानकारी के मुताबिक विमान का पंजीकरण नंबर VT-NOG है। पार्किंग की प्रक्रिया के दौरान विमान VDGS यानी विजुअल डॉकिंग गाइडेंस सिस्टम के पोल से टकराया। टक्कर के कारण विमान के अगले हिस्से को नुकसान हुआ। हालांकि नुकसान के बावजूद यात्रियों को सुरक्षित तरीके से विमान से बाहर निकाल लिया गया।
एयरलाइन की ओर से घटना को पार्किंग के दौरान हुई मामूली घटना बताया गया है। हालांकि शुरुआती तौर पर ब्रेक सिस्टम में खराबी की बात सामने आई है, लेकिन हादसे की पूरी वजह अभी स्पष्ट नहीं है। विमान के पोल से संपर्क में आने की परिस्थितियों और तकनीकी कारणों की जांच निर्धारित प्रक्रिया के तहत की जाएगी।
हवाई अड्डे पर विमान की सुरक्षित पार्किंग के लिए विजुअल डॉकिंग गाइडेंस सिस्टम महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। यह व्यवस्था पायलट को विमान को निर्धारित पार्किंग स्थान तक सही तरीके से पहुंचाने में सहायता करती है। इस घटना में इसी प्रणाली के पोल से विमान का संपर्क हुआ, जिससे उसके अगले हिस्से को नुकसान पहुंचा।
घटना के बाद एयरपोर्ट पर यात्रियों की सुरक्षा को लेकर तत्काल स्थिति का आकलन किया गया। अधिकारियों के शुरुआती बयान के अनुसार विमान में सवार सभी लोग सुरक्षित हैं। एयरपोर्ट के सामान्य संचालन पर भी घटना का कोई बड़ा असर नहीं पड़ा है।
श्रीनगर एयरपोर्ट के निदेशक जावेद अंजुम ने बताया कि हवाई अड्डे का संचालन सामान्य रूप से जारी है। विमानों की आवाजाही निर्धारित व्यवस्था के अनुसार चल रही है और यात्रियों तथा अन्य संबंधित लोगों के लिए सुरक्षित संचालन सुनिश्चित किया जा रहा है।
घटना की सही वजह सामने आने के लिए तकनीकी और परिचालन पहलुओं की जांच महत्वपूर्ण होगी। इसमें विमान के ब्रेक सिस्टम की स्थिति, पार्किंग के दौरान हुई गतिविधियां और VDGS पोल से विमान के संपर्क की परिस्थितियों का आकलन किया जा सकता है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि टक्कर के पीछे वास्तविक तकनीकी या अन्य कारण क्या था।
फिलहाल सबसे महत्वपूर्ण तथ्य यह है कि घटना में किसी यात्री या क्रू सदस्य को चोट नहीं आई। विमान के अगले हिस्से को हुए नुकसान का आकलन संबंधित तकनीकी प्रक्रिया के तहत किया जाएगा। इसके बाद विमान की आगे की परिचालन स्थिति के बारे में फैसला लिया जाएगा।
इस घटना ने विमान की पार्किंग प्रक्रिया और तकनीकी प्रणालियों की भूमिका को लेकर ध्यान आकर्षित किया है। हालांकि अभी किसी अंतिम निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। जांच पूरी होने के बाद ही ब्रेक सिस्टम में खराबी और पोल से हुई टक्कर के बीच वास्तविक संबंध स्पष्ट हो सकेगा।
