अटापट्टू की कप्तानी पारी से श्रीलंका की शानदार जीत, सेमीफाइनल की उम्मीदें बरकरार
152 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी श्रीलंका की शुरुआत अच्छी नहीं रही। इमेशा दुलानी केवल 4 रन बनाकर आउट हो गईं। इसके बाद हसीनी परेरा ने तेज शुरुआत करते हुए 17 गेंदों में 23 रन बनाए लेकिन अपनी पारी को बड़ी नहीं बना सकीं। हर्षिता समरविक्रमा ने 23 गेंदों में 27 रन बनाकर पारी को संभाला और मध्यक्रम को मजबूती दी।
कप्तान चमारी अटापट्टू ने एक बार फिर अपनी आक्रामक बल्लेबाजी से मैच का रुख बदल दिया। उन्होंने केवल 16 गेंदों में 33 रन की विस्फोटक पारी खेली जिसमें 6 चौके और एक शानदार छक्का शामिल रहा। उनकी तेज बल्लेबाजी से श्रीलंका ने रन गति बनाए रखी और लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़त बनाई।
मध्यक्रम में कविशा दिलहारी ने 18 रन का योगदान दिया जबकि नीलाक्षी डी सिल्वा ने दबाव के समय संयम दिखाते हुए 21 रन की उपयोगी नाबाद पारी खेली। उनके साथ सुगंधिका कुमारी 7 रन बनाकर नाबाद लौटीं और दोनों बल्लेबाजों ने अंतिम ओवर में टीम को जीत दिला दी।
स्कॉटलैंड की ओर से कप्तान कैथरीन ब्राइस राहेल स्लेटर और कैथरीन फ्रेजर ने दो-दो विकेट हासिल किए लेकिन वे टीम को जीत नहीं दिला सकीं।
इससे पहले बल्लेबाजी करते हुए स्कॉटलैंड ने निर्धारित 20 ओवर में 6 विकेट पर 151 रन बनाए। टीम के लिए सारा ब्राइस ने सबसे ज्यादा 47 रन की नाबाद पारी खेली। उन्होंने 33 गेंदों का सामना करते हुए 6 चौके लगाए। डार्सी कार्टर ने 34 रन बनाए जबकि ऐल्सा लिस्टर ने 17 गेंदों में 26 रन और कप्तान कैथरीन ब्राइस ने 23 रन का योगदान दिया।
श्रीलंका की ओर से गेंदबाजी में मिताली अयोध्या सबसे सफल रहीं। उन्होंने 34 रन देकर 2 विकेट झटके जबकि कविशा दिलहारी को एक विकेट मिला। गेंदबाजों ने अंतिम ओवरों में स्कॉटलैंड की रन गति पर अंकुश लगाकर टीम को बड़ा स्कोर बनाने से रोक दिया।
इस जीत के साथ श्रीलंका के पांच मैचों में छह अंक हो गए हैं और टीम ग्रुप बी की अंक तालिका में तीसरे स्थान पर पहुंच गई है। अब श्रीलंका की नजर अगले मुकाबलों में जीत दर्ज कर सेमीफाइनल में जगह बनाने पर होगी।
