UKSamachar: सेलावन, बैरीगांव, हीपा गांव तक नहीं पहुंच सकी आज तक सड़क
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आजादी के 78 साल बाद भी डोली ही सहारा, सिस्टम है बेसहारा
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पहाड़ों में पांच किलोमीटर पैदल चलने को मजबूर ग्रामीण

थल (अल्मोड़ा) । एक ओर जहां गांव-गांव तक सड़कों का जाल बिछाने की बात कही जाती है, वहीं दूसरी ओर सीमांत जनपद में आज भी कई ऐसे गांव हैं जहां आजादी के 78 वर्षों के बाद भी सड़क नहीं पहुंच सकी है। क्षेत्र के सेलावन, बैरीगांव, हीपा गांव के ग्रामीण सड़क के अभाव में आज भी मरीजों व गर्भवती महिलाओं को डोली से अस्पताल पहुंचाने को मजबूर हैं।
सेलावन, बैरी गांव व हीपा गांव गंगोलीहाट विधानसभा और बेरीनाग विकासखंड क्षेत्रांतर्गत आते हैं। ये गांव आज भी मोटर सड़क से वंचित हैं। सड़क न होने से ग्रामीण विकास की मुख्यधारा से कोसों दूर हैं। सड़क के अभाव में ग्रामीणों को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। ग्रामीण पांच किमी पैदल चलकर गांव पहुंचते हैं। सड़क सुविधा से न जुड़ पाने के कारण इन गांवों में स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार जैसी मूलभूत सुविधाओं का भी घोर अभाव बना हुआ है। हर रोज ग्रामीण मीलों पैदल सफर तय करने के बाद मुख्य सड़क से वाहनों से शहर पहुंचते हैं। सड़क न होने पर सबसे ज्यादा परेशानी तब होती है जब गांव में कोई बीमार हो जाता है या गर्भवती महिला को अस्पताल पहुंचाना पड़ता है। ऐसे हालातों में ग्रामीणों को डोली से उन्हें मुख्य सड़क तक लाना पड़ता है। सामाजिक कार्यकर्ता रमेश कार्की ने बताया कि सेलावन गांव के राम सिंह, पुत्र देव सिंह की बाथरूम में गिरने से हाथ की अंगुली कट गई थी। इसके बाद उन्हें डोली में बिठाकर ग्रामीणों ने गांव की पगडंडियों में पांच किमी पैदल चलकर सड़क तक पहुंचाया। जहां से वाहन के जरिए उन्हें गौचर अस्पताल पहुंचाया गया। डोली में मरीज को ले जाने वालों में रमेश कार्की, गोविंद सिंह, महेश, गुड्डू, हयात, मनोज, भगवान, जयंत रावत आदि ग्रामीण शामिल थे। ग्रामीणों ने कहा कि वह सड़क की मांग को लेकर कई बार विभागीय अधिकारियों से लेकर जनप्रतिनिधियों तक गुहार लगा चुका हैं। बावजूद इसके उनकी यह गंभीर समस्या पर कोई विचार नहीं किया जाता है। ग्रामीणों ने शीघ्र सड़क सुविधा का लाभ नहीं दिए जाने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना से इन गांवों को सड़क सुविधा से लाभांवित किया जाएगा। वर्तमान में इस क्षेत्र में 6 किलोमीटर सड़क का द्वितीय चरण का सर्वे कार्य पूरा हो चुका है। राजस्व विभाग, वन विभाग, पीएमजीएसवाई द्वारा संयुक्त सर्वे भी करा दिया गया है। शीघ्र ही सड़क निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।
फकीर राम टम्टा, विधायक गंगोलीहाट।
