उत्तराखंड के 5 जिलों में ऑरेंज अलर्ट, भारी बारिश-ओलावृष्टि और तेज हवाओं का खतरा
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अलर्ट मोड पर प्रशासन
उत्तराखंड में भी अर्नब साइक्लोन का असर देखने को मिल सकता है। आज देहरादून मौसम विभाग ने प्रदेश के कई जिलों के लिए बारिश, बर्फबारी और तेज हवाओं को लेकर चेतावनी जारी की है। ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी के आसार जताए हैं। मौसम विभाग ने ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी कर लोगों को सतर्क रहने की अपील की है।
देहरादून मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक प्रदेश के बागेश्वर, पिथौरागढ़, नैनीताल, चम्पावत व चमौली जनपदों में अनेक स्थानों पर तथा शेष जनपदों में कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा और बर्फबारी होने की संभावना है। वहीं बर्फबारी 3200 मीटर व उससे अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में होने का अंदेशा जताया गया है। नैनीताल, चम्पावत, पिथौरागढ़, बागेश्वर एवं चमोली जनपदों में कहीं-कहीं गरज के साथ आकाशीय बिजली चमकने, ओलावृष्टि एवं झोंकेदार हवाएं 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चलने की संभावना है। जिसके लिए मौसम विभाग ने ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।
इसके अलावा पिथौरागढ़, बागेश्वर, नैनीताल एवं चम्पावत जनपदों में कहीं-कहीं भारी वर्षा भी हो सकती है। प्रदेश के शेष जनपदों में भी कहीं-कहीं गरज के साथ आकाशीय बिजली चमकने और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा, कहीं-कहीं 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक झोंकेदार हवाएं चलने की संभावना जताई गई है। जिसके लिए मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है। बात देहरादून की करें तो यहां आसमान में आंशिक रूप से लेकर आमतौर पर बादल छाए रहेंगे। कुछ स्थानों पर गरज के साथ बारिश व झोंकेदार हवाएं (30-40 किमी/घंटा) चलने की संभावना है। अधिकतम और न्यूनतम तापमान 24°C और 15°C के बीच रहने की की संभावना है।

मौसम विभाग की चेतावनी के बाद प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक रूप से ऊंचाई वाले क्षेत्रों की यात्रा न करें। बिजली चमकने के दौरान पेड़ों के नीचे शरण न लें और सुरक्षित स्थानों पर रहें। काश्तकारों को भी अपनी फसलों को लेकर सतर्क रहने की सलाह दी गई है। देहरादून के आसमान में आंशिक रूप से लेकर आमतौर पर बादल छाए रहेंगे। कुछ स्थानों पर गरज के साथ बारिश व झोंकेदार हवाएं (30-40 किमी/घंटा) चलने की संभावना है। वहीं बीते रोज प्रदेश में बारिश और बर्फबारी से ठंड में इजाफा हो गया है।
सचिव विनोद कुमार सुमन ने बताया कि मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनी को गंभीरता से लेते हुए सभी जनपदों को आपदा प्रबंधन से संबंधित व्यवस्थाएं पूरी तरह सक्रिय रखने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने चारधाम यात्रा मार्गों पर यात्रियों की सुरक्षा को लेकर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि खराब मौसम अथवा किसी भी संभावित खतरे की स्थिति में यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर रोका जाए।
उन्होंने निर्देश दिए कि ओलावृष्टि से हुए नुकसान के कारण प्रभावित लोगों को सहायता उपलब्ध कराने के लिए संबंधित जनपदों से आवश्यक मांग एवं प्रस्ताव शीघ्र शासन को भेजे जाएं। उन्होंने कहा कि यदि प्रभावितों को राहत उपलब्ध कराने के लिए धनराशि की आवश्यकता है, तो मुख्यमंत्री राहत कोष से सहायता के लिए औपचारिक मांग एवं प्रस्ताव तत्काल प्रस्तुत किए जाएं, ताकि प्रभावितों को समय पर राहत मिल सके। उन्होंने रिकवरी एंड रिकंस्ट्रक्शन के अंतर्गत भी आवश्यक धनराशि की मांग से संबंधित प्रस्ताव जल्द भेजने के निर्देश दिए।
जनपदों को कहा गया है कि संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती जाए तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। उन्होंने निर्देश दिए कि जनपदों में तैनात आपदा प्रबंधन प्रणाली के अंतर्गत नामित सभी अधिकारी एवं विभागीय नोडल अधिकारी अलर्ट रहें और किसी भी घटना की सूचना मिलते ही त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करें।
