पैरा एशियन गेम्स में भारतीय बेटियों पर रहेंगी नजरें, हांगझोऊ में 40 पदक जीतकर बढ़ाया था देश का मान
हांगझोऊ पैरा एशियाड में भारत ने 2018 में जीते गए 72 पदकों की तुलना में उल्लेखनीय सुधार किया था। भारतीय दल ने कुल 111 पदक अपने नाम किए और पदक तालिका में पांचवां स्थान हासिल किया। इनमें महिला खिलाड़ियों ने 40 पदक जीतकर कुल पदकों में लगभग 36 प्रतिशत योगदान दिया था। एथलेटिक्स, बैडमिंटन, तीरंदाजी और टेबल टेनिस जैसे खेलों में महिला खिलाड़ियों का प्रदर्शन खास तौर पर उल्लेखनीय रहा। इन उपलब्धियों ने दिखाया कि भारतीय महिला पैरा एथलीट देश की पदक उम्मीदों को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
पिछले खेलों में शीतल देवी ने पैरा तीरंदाजी में शानदार प्रदर्शन किया था। उन्होंने दो स्वर्ण और एक रजत पदक जीतकर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। वह महिला कंपाउंड और मिश्रित टीम स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय पैरा एथलीट बनी थीं। उनके प्रदर्शन ने भारतीय पैरा तीरंदाजी को नई पहचान दिलाई। आगामी प्रतियोगिता में भी उनसे अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद होगी। वहीं, पैरा बैडमिंटन में थुलासिमथी मुरुगेसन ने महिला एकल एसयू-5 वर्ग में स्वर्ण पदक जीता था। इस बार उनके खेल में भाग लेने को लेकर अंतिम चयन की स्थिति स्पष्ट होना बाकी है।
पैरा पावरलिफ्टिंग में जैनब खातून ने हांगझोऊ में महिला 61 किलोग्राम वर्ग में रजत पदक जीता था। उनकी उपलब्धि ने भारत की पदक तालिका में महत्वपूर्ण योगदान दिया। पैरा बैडमिंटन खिलाड़ी मानसी जोशी ने महिला एकल एसएल-3 वर्ग में कांस्य पदक अपने नाम किया था। पैरा टेबल टेनिस में भाविना पटेल ने महिला एकल क्लास-4 स्पर्धा में कांस्य पदक जीता था। इस बार भाविना को भारतीय दल की ध्वजवाहिका चुना गया है। उनकी यह जिम्मेदारी भारतीय टीम के लिए खास महत्व रखती है। हालांकि, कुछ खेलों में भारतीय खिलाड़ियों की अंतिम सूची घोषित होने का इंतजार है, इसलिए सभी खिलाड़ियों की भागीदारी को लेकर स्थिति स्पष्ट होना जरूरी है।
भारत ने 2010 में चीन के ग्वांगझू में आयोजित पहले पैरा एशियाई खेलों में 14 पदक जीतकर 15वां स्थान हासिल किया था। इसके बाद हर संस्करण में देश की पदक संख्या में वृद्धि दर्ज की गई। हांगझोऊ में 111 पदकों के साथ पांचवें स्थान पर पहुंचना भारतीय पैरा खेलों के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि रही। अब 2026 के खेलों में भारत इस प्रदर्शन को और बेहतर करने के लक्ष्य के साथ उतरेगा। इस प्रतियोगिता में 45 देशों के लगभग 3,000 पैरा एथलीट हिस्सा लेंगे। कुल 18 खेलों में 492 पदक स्पर्धाएं आयोजित होंगी। भारत की ओर से 121 खिलाड़ियों का दल जापान जाएगा, जिसमें 80 पुरुष और 41 महिला पैरा एथलीट शामिल हैं। भारतीय महिला खिलाड़ियों का प्रदर्शन इस बार भी देश की कुल पदक संख्या और रैंकिंग के लिहाज से अहम रहने वाला है।
