रोहित-कोहली की ऐतिहासिक साझेदारी, 400 अंतरराष्ट्रीय मैच साथ खेलने वाली पहली भारतीय जोड़ी बनी
दोनों दिग्गज पिछले डेढ़ दशक से भारतीय क्रिकेट की रीढ़ रहे हैं। कई यादगार जीत, बड़े टूर्नामेंट और ऐतिहासिक साझेदारियों के गवाह रहे रोहित और विराट की यह उपलब्धि उनकी निरंतरता, फिटनेस और लंबे समय तक टीम में अहम भूमिका निभाने का प्रमाण है।
हालांकि वैश्विक स्तर पर इस सूची में अभी भी श्रीलंका के दिग्गज खिलाड़ियों का दबदबा कायम है। कुमार संगकारा और महेला जयवर्धने की जोड़ी 550 अंतरराष्ट्रीय मैचों के साथ पहले स्थान पर है। दूसरे स्थान पर महेला जयवर्धने और तिलकरत्ने दिलशान की जोड़ी है, जिसने 426 मुकाबले साथ खेले। तीसरे स्थान पर कुमार संगकारा और तिलकरत्ने दिलशान 418 मैचों के साथ मौजूद हैं, जबकि सनथ जयसूर्या और मुथैया मुरलीधरन की जोड़ी 408 मैचों के साथ चौथे स्थान पर है। दक्षिण अफ्रीका के जैक्स कैलिस और मार्क बाउचर ने 407 मुकाबले साथ खेले हैं। रोहित शर्मा और विराट कोहली 400 मैचों के साथ इस प्रतिष्ठित सूची में छठे स्थान पर पहुंच गए हैं। भारत के ही सचिन तेंदुलकर और राहुल द्रविड़ की जोड़ी 391 मैचों के साथ सातवें स्थान पर है।
इस ऐतिहासिक उपलब्धि के बीच भारत और इंग्लैंड के बीच लॉर्ड्स में सीरीज का निर्णायक मुकाबला खेला जा रहा है। इंग्लैंड के कप्तान हैरी ब्रूक ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। भारतीय टीम को इस मैच में बड़ा झटका तब लगा जब तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह घुटने में सूजन के कारण फिटनेस टेस्ट पास नहीं कर सके और उन्हें अंतिम एकादश से बाहर होना पड़ा। वहीं हैमस्ट्रिंग चोट के कारण वॉशिंगटन सुंदर भी उपलब्ध नहीं रहे।
भारतीय टीम ने बुमराह और वॉशिंगटन सुंदर की जगह युवा तेज गेंदबाज प्रिंस यादव और अर्शदीप सिंह को मौका दिया, जबकि इंग्लैंड ने अपनी प्लेइंग इलेवन में साकिब महमूद की जगह जोश टंग को शामिल किया।
रोहित शर्मा और विराट कोहली की 400 मैचों की यह उपलब्धि भारतीय क्रिकेट इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ती है। दोनों खिलाड़ियों ने वर्षों तक अपने शानदार प्रदर्शन, निरंतरता और अनुभव से टीम इंडिया को कई यादगार जीत दिलाई हैं। यह रिकॉर्ड उनकी महान क्रिकेट यात्रा का एक और स्वर्णिम पड़ाव माना जा रहा है।
