जल संरक्षण अभियान में शामिल हुए मंत्री-कलेक्टर, तालाब सफाई में लिया हिस्सा
जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत आयोजित इस कार्यक्रम में प्रभारी मंत्री नारायण कुशवाहा, भाजपा जिलाध्यक्ष राजेश पटेरिया, कलेक्टर जमुना भिड़े, एसपी डॉ. राय सिंह नरवरिया और जिला पंचायत सीईओ रोहन सक्सेना सहित पूरा प्रशासनिक अमला शामिल हुआ।
आमतौर पर मंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों के दौरे लंबे-चौड़े काफिलों के लिए चर्चा में रहते हैं, लेकिन इस बार प्रशासन ने अलग संदेश देने की कोशिश की। सभी अधिकारी और जनप्रतिनिधि अलग-अलग वाहनों के बजाय केवल दो बसों में सामूहिक रूप से गांव पहुंचे। इस पहल को पेट्रोल-डीजल बचाने और वीआईपी संस्कृति से दूर सादगी अपनाने के संदेश के रूप में देखा जा रहा है।
बताया गया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ईंधन बचाने की अपील के बाद जिला प्रशासन ने यह प्रयोग किया। इससे न केवल सरकारी खर्च और ईंधन की बचत का संदेश दिया गया, बल्कि सामूहिक भागीदारी की भावना भी मजबूत हुई।
घुघसी गांव पहुंचने के बाद मंत्री और अधिकारी सीधे तालाब पर पहुंचे, जहां उन्होंने ग्रामीणों के साथ मिलकर श्रमदान किया। सभी ने तालाब में उतरकर सफाई अभियान चलाया और कुदाल चलाकर गाद हटाने का काम किया। इस दौरान गांव के लोगों ने भी उत्साहपूर्वक अभियान में हिस्सा लिया।
प्रभारी मंत्री नारायण कुशवाहा ने कहा कि तालाब, बावड़ी और पारंपरिक जल स्रोत केवल पानी का साधन नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों की सुरक्षा हैं। यदि समय रहते इनका संरक्षण नहीं किया गया तो भविष्य में जल संकट और गहरा सकता है।
उन्होंने कहा कि घुघसी तालाब की सफाई का उद्देश्य सिर्फ सफाई अभियान चलाना नहीं, बल्कि समाज में जल संरक्षण को लेकर जागरूकता पैदा करना भी है। कलेक्टर जमुना भिड़े और एसपी डॉ. राय सिंह नरवरिया ने भी अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाते हुए लोगों को जल बचाने का संदेश दिया। अभियान के दौरान प्रशासन और ग्रामीणों की साझी भागीदारी ने गांव में सकारात्मक माहौल बनाया और लोगों ने इसे प्रेरणादायक पहल बताया।
