हाइपरसोनिक वार की तैयारी? ईरान पर ‘सर्जिकल स्ट्राइक’ विकल्प पर अमेरिका, मिडिल ईस्ट में बढ़ी टेंशन
इस प्रस्ताव में अत्याधुनिक हथियारों के इस्तेमाल पर भी विचार किया जा रहा है, जिनमें ‘डार्क ईगल’ हाइपरसोनिक मिसाइल शामिल है। यह मिसाइल करीब 3,200 किलोमीटर तक सटीक हमला करने में सक्षम मानी जाती है और ईरान के बैलिस्टिक मिसाइल लॉन्चरों को टारगेट कर सकती है।
बढ़ते तनाव के संकेत:
बीते 24 घंटों में घटनाक्रम तेजी से बदला है। ट्रम्प ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर सख्त संदेश देते हुए कहा कि “तूफान आगे बढ़ रहा है, इसे कोई नहीं रोक पाएगा।” दूसरी ओर, ईरान की ओर से भी तीखी प्रतिक्रिया आई है।
Mojtaba Khamenei ने चेतावनी दी कि अगर हमला हुआ तो जवाबी कार्रवाई की जाएगी और हमलावरों को “समंदर में डुबो दिया जाएगा।”
इसी तनाव के बीच अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में भारी उछाल देखा गया। कीमतें 126 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गईं, जो पिछले चार वर्षों में सबसे ऊंचा स्तर है, हालांकि बाद में इसमें कुछ गिरावट आई।
दूसरी ओर, लेबनान में भी हालात बिगड़ते नजर आ रहे हैं। दक्षिणी इलाकों में हुए हमलों में कई लोगों की मौत और दर्जनों के घायल होने की खबर है। यह घटनाएं ऐसे समय में सामने आई हैं जब संघर्ष विराम लागू होने के बावजूद Hezbollah और इजरायल के बीच तनाव बना हुआ है।
ट्रम्प का बदला हुआ सुर:
हालांकि, इन सभी तैयारियों के बीच ट्रम्प ने यह भी कहा है कि वे दोबारा हमले शुरू करने के पक्ष में नहीं हैं और फिलहाल सीजफायर तोड़ने की जरूरत नहीं है। उनका कहना है कि ईरान समझौते के लिए तैयार नजर आ रहा है।एक तरफ सैन्य तैयारियां और दूसरी ओर कूटनीतिक बयान—इन दोनों के बीच मिडिल ईस्ट की स्थिति बेहद नाजुक बनी हुई है।
