तिहाड़ में मैं हर पल मौत मांगती थी': एक्ट्रेस संदीपा विर्क का छलका दर्द, जेल की गंदी दीवारों के पीछे बिताए वो 4 भयानक महीने
संदीपा ने भरे गले से बताया कि तिहाड़ जेल का अनुभव किसी नरक से कम नहीं था। उन्होंने जेल के अमानवीय हालातों का जिक्र करते हुए कहा कि वहां के वॉशरूम इस कदर गंदे थे कि उन्हें देखकर ही उनकी हिम्मत जवाब दे जाती थी। कैदियों को जमीन पर सोना पड़ता था और खाने की गुणवत्ता बेहद खराब थी। संदीपा के अनुसार, वहां बिताए वक्त ने उनके स्वास्थ्य पर इतना बुरा असर डाला कि वे बिना किसी सहारे के खड़ी होने में भी असमर्थ हो गई थीं। उन्होंने बताया कि जेल में कुछ महिला पुलिसकर्मी तो दयालु थीं, लेकिन कुछ का व्यवहार कैदियों के प्रति बेहद क्रूर था। संदीपा ने कहा, “मैं भगवान से पूछती थी कि मैंने ऐसा क्या किया है जो मुझे ये दिन देखने पड़ रहे हैं, तिहाड़ ऐसी जगह है जहाँ मैं अपने दुश्मनों को भी कभी न भेजूं।”
इस पूरे मामले में सबसे अधिक भावनात्मक क्षण वह होता था जब उनके वृद्ध माता-पिता उनसे मिलने जेल आते थे। संदीपा ने रोते हुए कहा कि उन्हें उस समय सबसे ज्यादा ग्लानि महसूस होती थी कि उनकी वजह से उनके परिवार को जेल की दहलीज लांघनी पड़ रही है। उन्होंने अपने भाई-बहन और माता-पिता के प्रति आभार व्यक्त किया जो इस कठिन दौर में उनके साथ चट्टान की तरह खड़े रहे। संदीपा का दावा है कि वे पूरी तरह निर्दोष हैं और उन्हें धोखाधड़ी के एक ऐसे मामले में फंसाया गया है जिससे उनका सीधा लेना-देना नहीं था।
एक्ट्रेस ने यह भी साझा किया कि जेल जाने के बाद फिल्म इंडस्ट्री का असली चेहरा उनके सामने आ गया। कई करीबी दोस्तों और बड़े प्रोड्यूसर्स ने उन्हें अनफॉलो कर दिया और उनसे दूरी बना ली। बता दें कि ईडी ने संदीपा को 14 अगस्त, 2025 को गिरफ्तार किया था और करीब चार महीने हिरासत में रहने के बाद दिल्ली हाई कोर्ट ने 27 दिसंबर, 2025 को उन्हें जमानत दी। कोर्ट ने माना कि मुकदमा लंबा चल सकता है और वे पहले ही काफी समय जेल में बिता चुकी हैं। फिलहाल संदीपा खुद को निर्दोष साबित करने की जंग लड़ रही हैं और अपने ‘कर्मा’ पर विश्वास रखते हुए जीवन की नई शुरुआत करने की कोशिश कर रही हैं।
